मुंह जोरी करने पर ₹1000 का चालान

तहसीलदार ने टीम के साथ किया उदयगढ़ बाजार का निरीक्षण

उदयगढ़ से राजेश जयंत की रिपोर्ट

उदयगढ़। शुक्रवार हाट बाजार के दिन उदयगढ़ में  निगरानी दल के साथ मुंह जोरी करना एक व्यापारी को महंगा पड़ गया। बार-बार दी जा रही समझाइश के बाद भी  नियम का पालन नहीं करने पर  ₹100 का चालान  काटे जाने पर  व्यापारी  आमिर द्वारा टीम के साथ मुंह जोरी की गई।कुछ समय बाद यहां पहुंचे तहसीलदार जोबट  निर्भय सिंह पटेल के संज्ञान में आने पर उन्होंने व्यापारी के वहां जाकर  ₹1000 का चालन बनाया। गुरुवार को भी  व्यापारी दिलीप  ने  ₹100 चालान नहीं देते हुए  टीम के साथ बदसलूकी की थी लेकिन बाद में माफी मांगते हुए  राशि जमा करवा दी।


तहसीलदार निर्भयसिंह पटेल, नायब तहसीलदार वंदना किराडे, सहायक थाना प्रभारी एमके रघुवंशी ने झेतूफलिया से लेकर  ब्लॉक कॉलोनी तक पैदल निरीक्षण किया।  इस दौरान उन्होंने सड़क तक दुकान फैलाकर बैठे हुए लोगों को फटकार लगाई साथ ही स्थाई अतिक्रमण को भी देखा।अधिकारियों ने फल फ्रूट एवं सब्जी मार्केट पंचायत ग्राउंड में लगाने के निर्देश दिए। तहसीलदार निर्भय सिंह पटेल ने चौपाल पर सार्वजनिक रूप से कहा कि नियमों का पालन करना  जनता को जिम्मेदारी पूर्वक सुनिश्चित करना चाहिए। सामाजिक दूरी का पालन, मास्क का उपयोग और बार-बार हाथ धुलाई  अथवा सेनीटाइजर वह सुरक्षा कवच है जो आप और आपके परिवार को बड़े खतरे से बचाते हैं।
 निरीक्षण के दौरान दैनिक निगरानी दल टीम के सदस्य मंडल संयोजक ज्ञानसिंह चौहान, पंचायत सचिव बद्रीलाल भाबर, रोजगार सहायक सुनील गेहलोद, शिक्षक महेश देवड़ा, टीएस बामनिया आदि भी साथ रहे|

"निर्देश के बाद निरीक्षण में  पालन का भी रखा जाना चाहिए ध्यान"

 गौरतलब है कि पहले कंपलीटली लाकडाउन से लेकर आज तक  अधिकारियों द्वारा लगातार निरीक्षण किया जा रहा है और अव्यवस्थाओं पर उचित सलाह, आदेश दिए जा रहे हैं लेकिन पालन बमुश्किल 4-8 दिन तक ही हो पाता है। 
पूर्व में भी नायब तहसीलदार वंदना किराडे ने सब्जी मार्केट और फल फ्रूट के ठेले पंचायत ग्राउंड में लगाने के निर्देश दिए थे। दो-चार दिन के बाद स्थिति जस की तस हो गई।
स्थानीय निकाय की  नजरअंदाजी का परिणाम है कि एसडीएम और कलेक्टर तक के निर्देश को यहां के लोग हल्के में लेते हैं। स्थानीय निकाय समानता का व्यवहार नहीं करते हुए कई बार तो खुन्नस निकालने के काम करता है इसलिए भी यहां की व्यवस्थाएं चरमरा रही है।

Share on WhatsApp