ग्रामीणों ने करवाई थी एफआईआर,
पूर्व विधायक नागरसिंह चौहान को भी करवाया था अवगत
आशुतोष पंचोली
आलीराजपुर न्यूज। ब्यूरो चीफ
ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले एवं गुजरात जाकर रोजी रोटी कमाकर पैसा लाने वाले गरीब आदिवासी मजदूरो को चिटफंड कंपनी के नाम पर लाखों रूपए एठने वाले पर आरोपी रमेश डावर को पुलिस द्वारा गिरफ्तार कर लिया गया है। उक्त आरोपी के खिलाफ फरियादी ग्रामीणों द्वारा थाना आलीराजपुर में एफआईआर दर्ज करवाई गईं थी। वहीं पूर्व विधायक नागरसिंह चौहान को भी आवेदन सौंपकर उन्हें मामले से अवगत करवाया गया था। इस संबंध में थाना प्रभारी दिनेश सोलंकी ने बताया कि पुलिस द्वारा २४ जुलाई को आरोपी रमेश डावर को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया जहां न्यायालय ने उसे जेल भेज दिया है।
पूर्व विधायक को करवाया था अवगत
ग्राम पुजारा की चौकी, बड़दला के ग्रामीणजन जुन माह में पूर्व विधायक नागरसिंह चौहान के पास मिलने पहुंचे थे और उन्हें शासकीय कर्मचारी रमेश डावर द्वारा उनके साथ की गई धोखाधड़ी से अवगत करवाया था। ग्रामीणों का कहना था कि हम मे से अधिकांश लोग गुजरात में मजदूरी करते है एवं जो पैसा हम वहां से कमा कर लाते है उसे रमेश डावर को जमा कर देते थे। रमेश डावर ने उन्हें बताया था कि उनका पैसा 5 साल में तीन गुना हो जाएगा। लेकिन समय अवधि पुरी होने के बाद भी उनका पैसा उन्हें नहीं मिल रहा है इसलिए मजबूरन हमारे द्वारा 21 जनवरी को रमेश डावर के विरूद्ध एफआईआर दर्ज करवाई गई थी। लेकिन उसके बावजूद भी उक्त आरोपी के खिलाफ अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। जिसके बाद नागरसिंह चौहान ने आलीराजपुर के पूर्व विधायक नागरसिंह चौहान ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कहा था कि समाज सेवा का चोला ओढ़कर संगठित अपराधिक गतिविधियों में लिप्त ऐसे लोगों को बेनकाब किया जाएगा।यदि जल्द से जल्द रमेश डावर की गिरफ्तारी नहीं होती है तो वे खुद पीडि़त लोगों के साथ थाने का घेराव करेंगे।
क्या था मामला
बीरज परमार एवं गिलदार सहित 15 अन्य आवेदकों द्वारा रमेश डावर व प्रज्ञा डेयरीज एंड एग्रो लिमिटेड कंपनी के विरूद्ध पुलिस थाने में आवेदन दिया गया था जिसमे बताया गया था कि लोक लुभावन व आकर्षक रिटर्न का झासा देकर रमेश डावर ने कंपनी में निवेश करवाया था समय पुरा होने के बाद भी पैसा प्राप्त ना होने पर हमारे द्वारा धोखाधड़ी एवं गबन के संबंध में शिकायत की गई। रमेश पिता रूपसिंह डावर गढ़ात माध्यमीक स्कूल में शिक्षक है एवं प्रज्ञा डेयरीज में लोगों के पैसे लगवाने का काम करता है उसके द्वारा प्रत्येक किश्त हमसे ली गई लेकिन पैसा देने की बारी आई तो रमेश डावर ने पालीसी के सर्टीफिकेट व रसीदे धोखाधड़ी पूर्वक लेकर नष्ट कर दी गई। पुलिस थाना आलीराजपुर में रमेश डावर के खिलाफ 406,४०९,४२०,४६७,34 के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई है।
इन लोगों ने डावर को करवाई थी राशि जमा
नागरसिंह चौहान को सौंपे गए आवेदन में ग्रामीण लोगों द्वारा एक सूची भी सौंपी गई थी। जिसमें उनके गांव के कितने लोगों के पैसे डावर को जमा करवाए गए की जानकारी भी है। सौंपी गई सूची में गिलदार पिता पीरू ५०६००, पिरू पिता भाया ८४ हजार, गमला बंसीया ७५९०६, सेकडिय़ा ईडा १ लाख ५० हजार, कालिया कुवरसिंह ३७९५० रूपए,ईडा ठुडा ५७५००, बहादूर वेस्ता ६३२५०, मुकेश ६३२५०,कासलिया मिचरा ५०६००,छदरीया रेवलिया ५७५००,रमेश ईडला ११५००, भंगड़ा पिता दीतला ११५००,ईडा भंगडा ५०६००,अमरसिंह पीरू २७७५०,सायमा पिता छोटू ५० हजार, छोटू चतरिया २५३००, इंदरसिंह ६३२५० सभी निवासी पुजारा की चौकी एवं कालिया कुवरसिंह ३७९५०,चमारिया जुवानसिंह ६३२५०,गंदला दरखड़ ६३२५०, दला भंगड़ा ५० हजार, गुलसिंह ५० हजार एवं राजू सुरला २३ हजार रूपए रमेश डावर को देना बताया गया है। इन ग्रामीण लोगों का कहना था यह तो हमारे गांव की सूची है, रमेश डावर द्वारा आलीराजपुर जिले में ऐसे सैंकड़ो लोगों अपने जाल में फसाकर करोड़ो रूपए का गबन किया गया है।
